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सेक्स जीवन में आनन्द के लिए संयम जरूरी

सेक्स जीवन में आनन्द के लिए संयम जरूरी है. ज्यादातर स्त्री तथा पुरुष इस बात से अपरिचित रहते है कि काम (सेक्स) में भी संयम की जरूरत होती है. एक अच्छे आदर्श दाम्पत्य जीवन की नींव सहवास सयंम पर ही निर्भर करती है. वीर्य (#Semen) सुरक्षा की अति जरूरत 11 वर्ष की उम्र से लेकर 23 वर्ष की उम्र तक ज्यादा रहती है. इन सालों में सयंम बरतने वाले युवक अपनी सुडौल काया और एवम संगृहित जीवन बल और उर्जा (#Energy) से दाम्पत्य जीवन काल में सम्भोग का भरपूर सुख भोग सकते है.

सेक्स में सयंम का मतलब है कि पुरुष अथवा नारी को #यौवन अवस्था में अपने सामर्थ्य का गलत फायदा नहीं उठाना चाहिए. क्योंकि कामशास्त्र के अनुसार केवल संयम से ही सेक्स की अति सुखमय बनाया जा सकता है.सेक्स जीवन

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सेक्स जीवन में आनन्द के लिए संयम जरूरी

सेक्स में उतावलापन नहीं करना चाहिए

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ज्यादातर पति सेक्स के लिए अत्यंत उतावले तथा सक्रीय (#Active) रहते है. इसके लिए बार बार पत्नी पर रतिक्रिया के लिए जबरदस्ती करते है. वे इस बात को भूल जाते है है कि ज्यादा सहवास करना भी स्वास्थ्य की दृष्टि से हानिकारक है. इससे शरीर में कमजोरी तो आती ही है. साथ में पति पत्नी दोनों को मानसिक तौर पर तकलीफ होती है. जल्दी जल्दी सम्भोग में वो सुख नहीं मिल पाता जो मिलना चाहिए. इसलिए आत्मिक आनन्द और शांति के लिए यह जरूरी है की संयम बरतते हुए एक नियमित अन्तराल से यौन आनन्द का अभूतपूर्व सुख लिया जाए.

पत्नी की इच्छा का हमेशा रखे ध्यान

कई बार सम्भोग के दौरान पुरुष खुद पर अंकुश न रखते हुए पत्नी की अनिच्छा को नजरअंदाज करते हुए केवल अपनी #कामेच्छा को पूर्ण करना चाहते है. ऐसा करने से पत्नी यौन आनन्द से पूर्णतय संतुष्ट नहीं हो पाती है. वह पति को स्वार्थी मानने लगती है. कई स्त्रियाँ तो कुमार्ग पर चलकर अपनी कामेच्छा को पूरा करती है. इस प्रकार एक सुखी परिवार छिन्न भिन्न हो सकता है.

इसलिए पुरुष का यह कर्तव्य है कि रतिक्रिया शुरु करते समय अपने पर पूर्ण नियन्त्रण रखे तथा पत्नी के साथ ही चरमोत्कर्ष बिंदु प्राप्त करे. ताकि पत्नी की नजरों में आपकी धूमिल छवि न बने.

निष्कर्ष

इस प्रकार हम अवलोकन करते है कि संयम से सम्भोग अविस्मर्णीय बन जाता है. संयम से भरपूर #सम्भोग पति पत्नी के बीच पड़ी सालों की दिवार को क्षण में खत्म कर सकता है. सही मायने में संयम का आशय स्वयं पर नियन्त्रण रखना है.

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